गीता जयंती
अगली बार: रविवार, 20 दिसंबर 2026 (49 दिन बाद)
गीता जयंती 2026 kab hai? 20 December 2026, Sunday (Ravivar).
मार्गशीर्ष शुक्ल एकादशी को भगवद्गीता के उपदेश की स्मृति में गीता जयंती मनाई जाती है।
शुभ मुहूर्त: रविवार, 20 दिसंबर 2026
| एकादशी तिथि | 19 दिसंबर, 10:10 PM से 8:15 PM तिथि का आरंभ और समाप्ति |
|---|---|
| अभिजीत मुहूर्त | 11:57 AM से 12:39 PM दिन का सबसे शुभ समय |
इस समय पूजा शुरू न करें
| राहुकाल | 4:10 PM से 5:28 PM |
|---|---|
| यमगंड | 12:18 PM से 1:36 PM |
सूर्योदय 7:09 AM, सूर्यास्त 5:28 PM। समय दिल्ली के अनुसार है; दूसरे शहर के लिए ऊपर शहर बदलें। स्थानीय पंचांग से कुछ मिनट का अंतर हो सकता है।
व्रत पारण (व्रत खोलने का समय)
21 दिसंबर, 7:09 AM से 9:13 AM (दिल्ली)
गीता जयंती के मंत्र
हरे कृष्ण महामंत्र📿 जाप करेंअर्थ →
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे ।
हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे ॥
हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे ॥
कृष्णाय वासुदेवाय📿 जाप करेंअर्थ →
कृष्णाय वासुदेवाय हरये परमात्मने ।
प्रणतक्लेशनाशाय गोविन्दाय नमो नमः ॥
प्रणतक्लेशनाशाय गोविन्दाय नमो नमः ॥
वासुदेव मंत्र📿 जाप करेंअर्थ →
ॐ नमो भगवते वासुदेवाय ।
श्री कृष्ण की पूजा विधि
- बाल गोपाल को पंचामृत से स्नान कराएँ।
- नए वस्त्र और मोरपंख से श्रृंगार करें।
- माखन-मिश्री और तुलसी का भोग लगाएँ।
- झूला झुलाएँ और भजन-कीर्तन करें।
- आरती करके प्रसाद बाँटें।
पूजा सामग्री
- पंचामृत
- माखन-मिश्री
- तुलसी
- मोरपंख
- पीले वस्त्र
- झूला
- धूप-दीप
सवाल-जवाब
गीता जयंती 2026 कब है?
गीता जयंती 2026 में 20 दिसंबर 2026, रविवार को है।
यह सामान्य पूजा विधि है। अपने परिवार और क्षेत्र की परंपरा के अनुसार इसमें बदलाव हो सकता है।
